राम मंदिर ट्रस्ट द्वारा खरीदी गई एक और संपत्ति पर विवाद, कोर्ट ने मांगा चंपत राय से जवाब

 
Ram mandir

राम मंदिर विवाद की आंच और बढ़ गई है। राम जन्मभूमि ट्रस्ट द्वारा खरीदी गई एक और जमीन पर खरीद-फरोख्त का मामला अब फैजाबाद सिविल जज सीनियर डिवीजन की कोर्ट तक पहुंच गया है। कोर्ट ने राम जन्मभूमि ट्रस्ट के सचिव चंपत राय समेत 4 लोगों को नोटिस जारी कर तलब किया है। 

ये ताजा मामला प्राचीन फकीरे राम मंदिर का है, यह प्राचीन मंदिर राम मंदिर परिसर से सटा हुआ है, जिसे ट्रस्ट ने 27 मार्च को खरीदा था। जिसके बाद से विराजमान भगवान और उनके करीबी दोस्त संतोष दुबे और स्वामी अविमुक्तेश्वरनंद की तरफ से याचिका दायर की गई है। 

दरअसल राम मंदिर ट्रस्ट ने प्राचीन फकीरे राम मंदिर को दूसरे जगह बनवाने के लिए जमीज और पैसे दिए थे। अब दायर मुकदमे में यह मांग की गई है कि इस मंदिर को यहां से न हटाया जाए और भगवान की आरती और पूजा जारी रहे। सिविल जज ने विपक्ष को अपनी बात रखने के लिए 6 अगस्त का नोटिस जारी किया है। 

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दाखिल की गई याचिका में मांग की गई है कि फकीरे राम मंदिर को तोड़ा न जाएं और पूजा अर्चना सुचारू रूप में संचालित रहे। यह मांग भी की गई है कि बैनामा को अवैध घोसित किया जाये। याचिका दाखिल करने वाले संतोष दुबे का कहना है कि फकीरे राम मंदिर पौराणिक महत्व का मंदिर है। 

बाबरी विध्वंस में आरोपी रहे संतोष दुबे का कहना है कि मैं चाहता हूं कि राम मंदिर अच्छे से बने। राम मंदिर को जो 70 एकड़ जमीन मिली है वह पर्याप्त है। इसके लिए फकीरे राम मंदिर को तोड़ने की जरूरत नहीं है। फकीरे राम मंदिर का पौराणिक महत्व है, इस स्थान पर वनवास से पहले भगवान श्री राम और माता सीता, लक्ष्मण जी ने अपने वस्त्र बदले थे। 

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