महाराष्ट्र

उद्धव ठाकरे ने सत्ता की लालच में कांग्रेस से मिलाया हाथ, नहीं आने देंगे अयोध्या (Ayodhya): परमहंस दास।

Janprahar Desk
4 March 2020 8:01 AM GMT
उद्धव ठाकरे ने सत्ता की लालच में कांग्रेस से मिलाया हाथ, नहीं आने देंगे अयोध्या (Ayodhya): परमहंस दास।
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महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के अयोध्या दौरे का विरोध शुरू हो गया है. अयोध्या (Ayodhya) की तपस्वी छावनी के महंत परमहंस दास (Paramhans Das) ने शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे पर राम भक्तों को धोखा देने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा, ‘शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने सत्ता की लालच में

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) के अयोध्या दौरे का विरोध शुरू हो गया है. अयोध्या (Ayodhya) की तपस्वी छावनी के महंत परमहंस दास (Paramhans Das) ने शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे पर राम भक्तों को धोखा देने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा, ‘शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) ने सत्ता की लालच में कांग्रेस से हाथ मिलाकर राम भक्तों को धोखा दिया है. लिहाजा उनको न तो अयोध्या में प्रवेश करने दिया जाएगा और न ही उनको रामलला के दर्शन करने दिए जाएंगे. मैं खुद उद्धव ठाकरे का रास्ता रोकूंगा.’

नाराज तपस्वी छावनी के महंत परमहंस दास (Paramhans Das) ने शिवसेना चीफ उद्धव ठाकरे को मक्का जाने तक की नसीहत दी है. उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए महंत परमहंस दास ने कहा, ‘महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का अयोध्या दौरा राजनीति से प्रेरित है. अब उनको अयोध्या की बजाय मक्का जाना चाहिए.’

परमहंस दास (Paramhans Das) ने कहा, ‘हिंदू हृदय सम्राट बालासाहेब ठाकरे ने हिंदुस्तान को हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए शिवसेना का गठन किया था, क्योंकि दुनिया में हिंदुओं के लिए अपना कोई देश नहीं है. बाला साहेब ठाकरे का सपना हिंदुस्तान को हिंदू राष्ट्र बनाने का था.’

परमहंस दास ने कहा, ‘बाला साहेब ठाकरे ने कहा था कि हम शिवसेना को कांग्रेस नहीं बनने देंगे. अगर जरूरत पड़ी, तो हम चुनाव भी नहीं लड़ेंगे, लेकिन सत्ता के लालच में आकर उद्धव ठाकरे ने बाला साहेब ठाकरे का अपमान किया है. अब इनकी अयोध्या में कोई जरूरत नहीं हैं. मैं उद्धव ठाकरे को किसी भी कीमत पर अयोध्या में प्रवेश नहीं करने दूंगा और न ही रामलला के दर्शन करने दूंगा.’

परमहंस दास (Paramhans Das) ने कहा, ‘जब तक शिवसेना का कांग्रेस के साथ गठबंधन है, तब तक उद्धव ठाकरे के अयोध्या आने का कोई औचित्य नहीं हैं. उन्होंने राम भक्तों के साथ धोखा किया है. राम भक्तों ने उनको इसलिए वोट दिया था, क्योंकि शिवसेना भगवा पार्टी थी और हिंदू राष्ट्र के लिए समर्पित थी. हालांकि अब शिवसेना ने भगवान राम को काल्पनिक कहने वाली कांग्रेस पार्टी के साथ हाथ मिला लिया है. लिहाजा उद्धव ठाकरे की अयोध्या आने की कोई जरूरत नहीं हैं. मैं खुद धर्म दंड लेकर उनका रास्ता रोकूंगा.’

उद्धव ठाकरे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पदभार संभालने के 100 दिन पूरे होने के उपलक्ष्य में 7 मार्च को अयोध्या का दौरा करने वाले हैं. शिवसेना सांसद संजय राउत के मुताबिक 7 मार्च को दोपहर में उद्धव ठाकरे अयोध्या में रामलला के दर्शन करेंगे और बाद में सरयू नदी के किनारे होने वाली आरती में शामिल होंगे.

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