ब्राह्मण वोट बैंक में सेंध लगाना चाहती है मायावती? ब्राह्मणों को रिझाने के लिए BSP शुरू करेगी अभियान

 
BSP CAMPAIGN

यूपी विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही बहुजन समाजवादी पार्टी सक्रिय हो गई है। ब्राह्मणों को रिझाने के लिए बसपा एक बार फिर से ब्राह्मण जोड़ो अभियान  शुरू करने वाली है। अभियान की शुरुआत अयोध्या से की जाएगी। आगामी चुनाव के मद्देनजर बिजेपी से खफा हुए ब्राह्मण समाज को बसपा आपने ब्राह्मण उम्मीदवारों से भुनाने के चक्कर में है।

बसपा से इस अभियान की शुरुआत  बीते साल अक्टूबर में कई थी लेकिन कोरोना के चलते इसे रोक दिया गया था। लेकिन अब फिर अलग-अलग जिलों से इस अभियान की शरुआत की जाएगी। 

जानकारी के अनुसार यह अभियान एक हफ्ते तक पूरे प्रदेश में चलाया जाएगा। अभियान के तहत छोटे-छोटे कार्यक्रम कर ब्राह्मणों को साथ जोड़ा जाएगा। अभियान की शुरुआत 23 जुलाई से होगी। 

इस पूरे अभियान का नेतृत्व बसपा के राज्यसभा सांसद रहे सतीश चंद्र मिश्रा करेंगे। अभियान के पहले चरण की शुरुआत अयोध्या में मंदिर दर्शन के बाद से शुरू होगी। 23 जुलाई से 29 जुलाई तक लगातार छह जिलों में ब्राह्मण सम्मेलन आयोजित करवाए जाएंगे। 

यह भी पढ़ें: अमरिंदर-बाजवा की मुलाकात के बाद बदले पंजाब के समीकरण, सिद्धू के अध्यक्ष बनने की राह हुई मुश्किल

बीएसपी की रणनीति क्या है? 

राजनीतिक गलियारों के अनुसार यूपी का ब्राह्मण समुदाय योगी आदित्यनाथ के सीएम बनाये जाने के बाद से खुश नहीं है। बसपा ब्राह्मण कैंडिडेट्स को विधानसभा चुनाव में टिकट देकर वोट बैंक में सेंध लगाना चाहती है। 

जानकारों का कहना है कि यूपी में लगातार ध्रुवीकरण की राजनीति होने के बाद से अब ब्राह्मण समाज ने बीजेपी से किनारा कर लिया है। जिसे अब मायावती अपने पाले में करने की फिराक में है। 

अन्य खबरें

देश और दुनिया की ताज़ा खबरों के लिए हमारे फेसबुक पेजको लाइक करे, हमे Twitterपर फॉलो करे, हमारेयूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब कीजिये|