आर्थिक

Salary Account Kya Hai? : What is Salary Account in Hindi | जानिए वेतन खाता की विशेषताएं

Ankit Singh
12 Jan 2022 11:20 AM GMT
Salary Account Kya Hai? : What is Salary Account in Hindi | जानिए वेतन खाता की  विशेषताएं
x
Salary Account in Hindi: बैंकों द्वारा विभिन्न प्रकार के खातों की पेशकश की जाती है। अमूमन लोग बचत खाता (Saving Account) ही खुलवाते है, लेकिन क्या आप जानते है कि Salary Account Kya Hai? (What is Salary Account in Hindi) और यह किसके लिए है। आज के इस पोस्ट में हम वेतन खाते से संबंधित जानकारी आपको देंगे।

Salary Account in Hindi: नौकरीपेशा लोगों को कंपनियां एक स्पेशल बैंक अकाउंट देती हैं जिसको वेतन खाता (Salary Account) कहा जाता है। यह अकाउंट रेगुलर बैंक अकाउंट से अलग होता है क्योंकि इस अकाउंट के कई फायदे हैं। लेकिन इन फायदों के बारे में बहुत ही कम लोग जानते हैं। क्योंकि सैलरी अकाउंट पर मिलने वाले फायदों को अक्सर बैंक भी नहीं बताते हैं। आज के इस पोस्ट में हम आपको यही बताने वाले है कि Salary Account Kya Hai? (What is Salary Account in Hindi) और वेतन खाता की विशेषताएं क्या है? तो चलिए जानते है Salary Account in Hindi

Salary Account Kya Hai? : What is Salary Account in Hindi

सैलरी अकाउंट (Salary Account) एक तरह का रेगुलर अकाउंट ही होता है। सैलरी अकाउंट वह होता है जिसमें कंपनी हर महीने अपने कर्मचारी की सैलरी डालती है। हर कर्मचारी का एक अलग सैलरी अकाउंट होता है। नियोक्ता और बैंकों के बीच कर्मचारियों के वेतन को खाते में जमा करने के लिए आपसी सहमति से खोले गए खाते को सैलरी अकाउंट पैकेज या सैलरी अकाउंट कहते हैं।

वेतन खातें या सैलरी अकाउंट, कर्मचारियों को उनके कार्यरत विभागों के आधार पर निर्धारित किया जाता हैं। सैलेरी एकाउंट कर्मचारी को अनूठी सेवाएं और लाभ प्रदान करता है। वेतन खाते के बारे में और अधिक जानने में आपकी मदद करने के लिए, हमने इसके विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की है।

वेतन खाता कौन खोल सकता है? | Who can open Salary Account?

एक संगठन (Employer) को अपने कर्मचारियों के लिए वेतन खाता खोलने के लिए बैंक के साथ टाई-अप करना पड़ता है। कंपनी द्वारा एकमुश्त राशि के रूप में प्रति माह कर्मचारियों के संबंधित बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाता है। यदि कर्मचारियों का उस बैंक में कोई मौजूदा खाता नहीं है जिसके साथ उनके कंपनी का टाई-अप है, तो कंपनी संबंधित बैंक के साथ खाता खोलने की प्रक्रिया में कर्मचारी की सहायता करता है।

इस प्रकार, कोई भी व्यक्ति सैलेरी एकाउंट खोल सकता है। ऐसा करने के लिए एक आर्गेनाइजेशन और बैंक के बीच टाई-अप है।

सैलेरी एकाउंट फायदें | Benefits of Salary Account in Hindi

1. सेविंग एकाउंट की तुलना में सैलेरी एकाउंट अधिक लाभ प्रदान करता है।

2. वेतन खाते बैंक के लिए अधिक लाभदायक होते हैं क्योंकि उसे प्रति माह एक निश्चित राशि प्राप्त होती है। जो इसे करंट एकाउंट सेविंग एकाउंट (CASA) का एक निश्चित स्रोत बनाता है।

3. सैलेरी एकाउंट पर दिए जाने वाले लाभ हर बैंक में अलग-अलग हो सकते हैं।

4. एक व्यक्ति खाते में जीरो मिनीमन बैलेंस, फ्री पासबुक/चेक बुक/ई-स्टेटमेंट, डेबिट कार्ड का लाभ उठा सकता है।

5. वेतन खाता धारक फोन बैंकिंग, नेट बैंकिंग और ऑनलाइन फंड ट्रांसफर सेवाओं का लाभ भी उठा सकता है।

6. वेतन खाते के साथ, व्यक्ति डीमैट खाते/सेवाओं, ऋण सुविधा, क्रेडिट कार्ड आदि का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।

7. कोई भी वेतन खाते के माध्यम से यूटिलिटी बिल का भुगतान कर सकता है

सैलेरी एकाउंट और सेविंग एकाउंट के बीच अंतर | Difference Between Salary Account and Savings Account

भले ही सैलेरी एकाउंट एक प्रकार का सेविंग एकाउंट है, लेकिन दोनों में कुछ अंतर हैं। आइए एक नजर डालते हैं उन पर-

- सैलेरी एकाउंट केवल एक एम्प्लॉई ही खुलवा सकता है, जबकि सेविंग एकाउंट कोई भी व्यक्ति खुलवा सकता है।

- सैलेरी एकाउंट जीरो बैलेंस वाले एकाउंट वाले होते है, जबकि सेविंग एकाउंट में मिनीमन बैलंस मेन्टेन करना पड़ता है।

- सैलेरी एकाउंट होल्डर को ज्यादा बेनिफिट्स दिए जाते है, जबकि सेविंग एकाउंट खाते शुल्क जुड़ा होता है।

- सैलेरी एकाउंट का मुख्य उद्देश्य मंथली सैलेरी क्रेडिट करना होता है, जबकि सेविंग एकाउंट सिर्फ बचत करने के लिए होते है।

सैलरी अकाउंट कैसे खुलता है? | How to Open Salary Account

सैलरी अकाउंट खोलने के लिए आपका किसी कॉरपोरेट, सरकारी विभाग या पीएसयू में कार्यरत होना जरुरी है। साथ ही आपकी कंपनी का उस बैंक से सैलेरी अकाउंट रिलेशनशिप होनी चाहिए। इसके साथ ही ग्राहक का उसी बैंक में कोई और खाता नहीं होना चाहिए।

ये भी पढें -

सैलरी अकाउंट को सेविंग अकाउंट में कैसे बदलें? | How to Convert a Salary Account to Savings Account?

Repo Rate vs Reverse Repo Rate : रेपो रेट और रिवर्स रेपो रेट में क्या है अंतर? विस्तार से समझें

Types of Savings Account in Hindi: सेविंग एकाउंट कितने तरह के होते है? विस्तार से समझिए

Features of Savings Account: बैंक एकाउंट खुलवाने से पहले जरूर जान लें बचत खाते की 10 विशेषताएं

IFSC Code Kya Hai? : What is IFSC Code in Hindi

Next Story